साइबर अटैक ने बढ़ाई मुसीबत, करोबारियों को है सबसे अधिक खतरा

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यूपी किरण ब्यूरो

नई दिल्ली।। टेक्निकल स्टाफ इन्फेक्टेड कंप्यूटरों को रीस्टोर करने और बाकियों को सुरक्षा के लिहाज से और चुस्त-दुरुस्त बनाने में युद्धस्तर पर कंपनियों के अधिकारी जुट गए हैं। दरअसल, कंपनियों और संस्थानों में डर हावी है कि सोमवार को कंप्यूटरों को खोलने पर फिर से रैनसमवेअर का हमला न हो जाए, जिसने कार फैक्ट्रियों, अस्पतालों, दुकानों और स्कूलों की गतिविधियों पर अचानक ब्रेक लगा कर दुनियाभर में तहलका मचा दिया।

उस 22 वर्षीय व्यक्ति ने रविवार को upkiran.org से कहा, ‘हमने इसे रोक दिया है, लेकिन कोई दूसरा आ रहा है और इसे हम नहीं रोक पाएंगे।’ उन्होंने कहा, ‘उनके पास इस काम को करने के अच्छे मौके हैं। इस वीकेंड नहीं, लेकिन इसे सोमवार सुबह तक करने की संभावना है।’

उन्होंने ट्वीट किया, ‘वानाक्राइ का पहला वर्सन रोक दिया गया, लेकिन दूसरे वर्सन को शायद ही हटाया जा सके। इस हमले से आप तभी सुरक्षित हैं, यदि आप जल्द-से-जल्द मरम्मत कर सकें।’

खासकर एशियाई देशों में सोमवार को कंप्यूटर खोले जाएंगे और इस लिहाज से वहां कल का दिन बेहद व्यस्त रहने वाला है जहां शायद अभी सबसे बुरा देखने को नहीं मिला है।

‘इसके बारे में कल (सोमवार) सुबह बहुत कुछ सुनने को मिलेंगे जब यूजर्स दफ्तर आएंगे और शायद फिशिंग ईमेल्स के शिकार बन जाएंगे। हो सकता है उन्हें कुछ और ही परिस्थिति का सामना करना पड़े।’

फोटोः प्रतीकात्मक

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