Up kiran,Digital Desk : महाराष्ट्र में पिंपरी-चिंचवड़ नगर निगम (पीसीएमसी) चुनाव से पहले राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इसी बीच भारतीय जनता पार्टी ने बड़ा कदम उठाते हुए करीब 20 पूर्व नगरसेवकों और पदाधिकारियों को पार्टी में शामिल कराया है। इनमें अजित पवार गुट की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के 12 नेता भी शामिल हैं, जिससे स्थानीय राजनीति में हलचल बढ़ गई है।
यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है, जब नगर निगम चुनाव नजदीक हैं और सभी दल अपनी ताकत बढ़ाने में जुटे हुए हैं। भाजपा की इस पहल को संगठन को मजबूत करने और चुनावी समीकरण बदलने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
एनसीपी से भाजपा में आए ये प्रमुख चेहरे
मुंबई में आयोजित इस कार्यक्रम का नेतृत्व बोसरी से भाजपा विधायक महेश लांडगे और चिंचवड़ से विधायक शंकर जगताप ने किया। आदर्श आचार संहिता लागू होने के बावजूद हुए इस राजनीतिक घटनाक्रम ने सभी का ध्यान खींचा है।
अजित पवार गुट की एनसीपी से जिन प्रमुख नेताओं ने भाजपा जॉइन की है, उनमें पूर्व स्थायी समिति अध्यक्ष उषा वाघेरे और प्रशांत शितोले, पूर्व उपमहापौर प्रभाकर वाघेरे, पूर्व महापौर राजू मिसाल, पूर्व विपक्ष नेता विनोद नाडे, समीर मसुलकर और नवनाथ जगताप जैसे नाम शामिल हैं। इन नेताओं की स्थानीय स्तर पर अच्छी पकड़ मानी जाती है।
भाजपा को विकास की राजनीति पर भरोसा: लांडगे
इस मौके पर विधायक महेश लांडगे ने कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र चव्हाण के नेतृत्व में भाजपा की विकास आधारित राजनीति पर लोगों का भरोसा लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने दावा किया कि पार्टी आगामी नगर निगम चुनाव में निर्णायक जीत हासिल करेगी।
वहीं विधायक शंकर जगताप ने कहा कि पिंपरी-चिंचवड़ एक प्रमुख औद्योगिक और आईटी हब है, जहां रोजगार और आधुनिक सुविधाओं की लगातार मांग बढ़ रही है। उनका कहना था कि नए नेताओं के साथ मिलकर शहर के विकास कार्यों को और गति दी जाएगी।
नगर निगम चुनाव से पहले बदले सियासी संकेत
गौरतलब है कि महाराष्ट्र राज्य निर्वाचन आयोग ने मुंबई, पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ समेत राज्य की 29 नगर निगमों के चुनावों की घोषणा कर दी है। ऐसे में भाजपा में हुए इस बड़े पैमाने पर शामिल होने को आने वाले चुनावों के लिहाज से अहम माना जा रहा है। माना जा रहा है कि इसका असर सीधे पीसीएमसी की राजनीतिक तस्वीर पर पड़ेगा।




