टाटा को पछाड़कर रिलायंस बन जाएगा देश का सबसे वैल्यूएबल ग्रुप

टाटा को पछाड़कर रिलायंस बन जाएगा देश का सबसे वैल्यूएबल ग्रुप

भारतीय शेयर बाजार और कॉर्पोरेट जगत के इतिहास में एक ऐसा महा-बदलाव होने जा रहा है, जो आने वाले समय में देश की आर्थिक तस्वीर को पूरी तरह से बदलकर रख देगा। शेयर बाजार के वित्तीय विश्लेषकों और मार्केट एक्सपर्ट्स के बीच इन दिनों एक ही चर्चा सबसे ज्यादा गर्म है—वह है देश के सबसे बड़े औद्योगिक घराने रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) के डिजिटल और टेलीकॉम आर्म यानी रिलायंस जियो (Reliance Jio) का बहुप्रतीक्षित आईपीओ। बाजार के जानकारों का मानना है कि जैसे ही जियो शेयर बाजार के मुख्य पटल पर लिस्ट होगा, इसका मूल्यांकन (Valuation) आसमान छू जाएगा। इस भारी-भरकम वैल्यूएशन के दम पर मुकेश अंबानी की अगुवाई वाला रिलायंस समूह बाजार पूंजीकरण (Market Capitalization) के मामले में टाटा ग्रुप (Tata Group) को पीछे छोड़ते हुए भारत का सबसे बड़ा और सबसे वैल्यूएबल बिजनेस ग्रुप बन जाएगा। आइए एक वित्तीय और बिजनेस रिपोर्टर की नजर से गहराई से जानते हैं कि इस ऐतिहासिक उलटफेर के पीछे की पूरी इनसाइड स्टोरी और वित्तीय गणित क्या है।

क्या है रिलायंस जियो के आईपीओ का पूरा गणित और क्यों हो रही है इतनी बड़ी चर्चा?

पिछले कुछ वर्षों में मुकेश अंबानी के नेतृत्व में रिलायंस जियो ने भारत के दूरसंचार बाजार में जो क्रांतिकारी बदलाव किए हैं, उसने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींचा है। देश भर में 5जी सेवाओं का सबसे बड़ा नेटवर्क खड़ा करने, डिजिटल फाइबर ब्रॉडबैंड और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित डिजिटल इकोसिस्टम के विस्तार के कारण जियो आज देश की सबसे ताकतवर टेक कंपनियों में गिनी जाती है। जब कोई कंपनी अपनी अनुषंगी या मुख्य व्यावसायिक इकाई को शेयर बाजार में लिस्ट करती है, तो उसके शेयरों का वास्तविक बाजार मूल्य (Market Value) जनता और संस्थागत निवेशकों के सामने आता है। वित्तीय ब्रोकरेज फर्मों का अनुमान है कि जियो का कुल मूल्यांकन कई लाख करोड़ रुपये आंका जा सकता है, जो रिलायंस इंडस्ट्रीज के कुल मार्केट कैप में एक बहुत बड़ा और ऐतिहासिक इजाफा करेगा।

टाटा समूह और रिलायंस के बीच मार्केट कैप की यह जंग क्यों है बेहद दिलचस्प?

वर्तमान समय में देश के सबसे बड़े व्यापारिक समूहों की सूची में टाटा समूह (Tata Group) अपनी विशाल कंपनियों—जैसे टाटा कंसलटेंसी सर्विसेज (TCS), टाटा मोटर्स, टाटा स्टील और टाइटन—के दम पर शीर्ष स्थान पर काबिज है। टाटा समूह का कुल बाजार पूंजीकरण देश के तमाम कॉर्पोरेट घरानों में सबसे ज्यादा रहा है। हालांकि, दूसरी तरफ रिलायंस इंडस्ट्रीज भी ऑयल-टू-केमिकल (O2C) बिजनेस के साथ-साथ रिटेल और जियो के दम पर लगातार टाटा को कड़ी टक्कर देती रही है। लेकिन अब तक जियो जैसी बेशकीमती डिजिटल कंपनी रिलायंस के भीतर एक अनलिस्टेड सब्सिडरी के रूप में काम कर रही थी। जैसे ही जियो का शेयर बाजार में पब्लिक ऑफर (IPO) आएगा और इसकी स्वतंत्र लिस्टिंग होगी, इसका पूरा मार्केट वैल्यूएशन रिलायंस समूह के कुल पोर्टफोलियो में जुड़ जाएगा, जिससे टाटा और रिलायंस के बीच चल रही इस महा-रस्साकशी का समीकरण पूरी तरह से बदल जाएगा।

भारतीय शेयर बाजार और निवेशकों के लिए इस ऐतिहासिक बदलाव के क्या होंगे मायने?

दलाल स्ट्रीट (Dalal Street) के निवेशकों और खुदरा शेयरधारकों के लिए रिलायंस जियो की लिस्टिंग किसी बड़े त्योहार से कम नहीं होने वाली है। जब इतनी बड़ी डिजिटल और टेलीकॉम कंपनी शेयर बाजार में उतरेगी, तो विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) और घरेलू म्यूचुअल फंड्स भारतीय बाजार में भारी मात्रा में पूंजी का निवेश करेंगे। इससे न केवल रिलायंस समूह का कद वैश्विक स्तर पर और अधिक मजबूत होगा, बल्कि भारतीय शेयर बाजार का कुल सूचकांक (Sensex and Nifty) भी नई ऊंचाइयों को छूएगा। विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम भारतीय अर्थव्यवस्था के डिजिटल और तकनीकी विकास की रफ्तार को और अधिक गति प्रदान करेगा, जिससे देश के कॉरपोरेट इतिहास में एक नया स्वर्णिम अध्याय जुड़ जाएगा।

भविष्य की राह और निवेशकों की निगाहें: कब तक आ सकता है यह मेगा आईपीओ?

हालांकि अभी तक रिलायंस इंडस्ट्रीज के प्रबंधन की ओर से जियो के आईपीओ की आधिकारिक लॉन्चिंग की कोई पक्की तारीख का ऐलान नहीं किया गया है, लेकिन बाजार की अंदरूनी खबरों के मुताबिक तैयारियां अंतिम चरण में चल रही हैं। वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और बाजार के अनुकूल समय को देखते हुए रिलायंस कभी भी इस मेगा सरप्राइज का ऐलान कर सकता है। जैसे-जैसे इस पर आधिकारिक मुहर लगेगी, निवेशकों का उत्साह सातवें आसमान पर पहुंच जाएगा। बहरहाल, यह तय माना जा रहा है कि जियो की लिस्टिंग केवल एक कंपनी का शेयर बाजार में उतरना नहीं है, बल्कि यह भारतीय व्यापार जगत के सिंहासन पर नए बादशाह के राज्याभिषेक जैसी होगी, जहां रिलायंस टाटा को पछाड़कर नंबर वन पायदान पर काबिज हो जाएगा।