झारखंड के बिजली ग्राहकों की बल्ले-बल्ले! गलत बिल और फॉल्ट का झंझट अब हमेशा के लिए खत्म

झारखंड के बिजली ग्राहकों की बल्ले-बल्ले! गलत बिल और फॉल्ट का झंझट अब हमेशा के लिए खत्म

झारखंड के बिजली ग्राहकों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है, क्योंकि झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (जेबीवीएनएल) ने गलत बिजली बिल और आपूर्ति की समस्याओं को जड़ से खत्म करने के लिए बड़ा कदम उठाया है।

जेबीवीएनएल ने विद्युत उपभोक्ता शिकायत निवारण फोरम (VUSNF) को और अधिक सशक्त बनाते हुए रांची, चाईबासा, दुमका और हजारीबाग में द्वितीय सदस्य के चार पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी है, जिससे अब उपभोक्ताओं को अपनी शिकायतों के निपटारे के लिए दर-दर नहीं भटकना पड़ेगा। फोरम के इन नए सदस्यों की नियुक्ति के बाद बिजली बिल में गड़बड़ी, गलत रीडिंग या वितरण से जुड़े विवादों का तेजी से निपटारा होगा और आम लोगों को न्याय के लिए एक सीधा व प्रभावी मंच मिलेगा।

जेबीवीएनएल की गाइडलाइन के अनुसार इस महत्वपूर्ण पद के लिए 1 अगस्त 2026 तक न्यूनतम 45 वर्ष और अधिकतम 62 वर्ष के अभ्यर्थी ही आवेदन कर सकते हैं, जिन्हें इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग (इलेक्ट्रॉनिक्स या इंस्ट्रूमेंटेशन) के क्षेत्र में ट्रांसमिशन व वितरण का 20 सालों का अनुभव हो और वे कम से कम अधीक्षण अभियंता या डीजीएम स्तर पर कार्यरत रहे हों। इसके अलावा वित्तीय मामलों को सुलझाने के लिए सीए, आईसीडब्ल्यूए या एमबीए (फाइनेंस) पास अभ्यर्थी भी सरकारी या सार्वजनिक उपक्रम में 20 वर्षों के अनुभव के साथ आवेदन के पात्र माने जाएंगे। 

शुरुआत में इन चयनित सदस्यों का कार्यकाल तीन साल का होगा जिसे बेहतरीन कार्यक्षमता के आधार पर दो साल और बढ़ाकर अधिकतम 65 वर्ष की आयु तक किया जा सकता है, जिसके लिए उम्मीदवारों को अपने पांच साल के एसीआर दस्तावेजों के साथ आवेदन करना होगा। जेबीवीएनएल के इस पारदर्शी कदम से स्पष्ट है कि अब झारखंड में गलत बिलिंग और बिजली व्यवस्था से जुड़ी शिकायतों पर सीधे फोरम में त्वरित सुनवाई होगी जिससे राज्य के आम उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलेगी।