तो इसलिए 3 दिन पहले हुई थी सचिन वाजे की वापसी! दिशा सालियान केस में CBI के हाथ लगा सबसे 'विस्फोटक' सबूत

तो इसलिए 3 दिन पहले हुई थी सचिन वाजे की वापसी! दिशा सालियान केस में CBI के हाथ लगा सबसे 'विस्फोटक' सबूत

सतीश सालियान के वकील नीलेश ओझा ने शनिवार को अहम दावे किए। उन्होंने कहा कि नए सबूतों से उनके पुराने दावे सच साबित हो रहे हैं। दिशा के शव की स्थिति और कवर-अप के आरोप पुष्ट हुए हैं।

गृह मंत्रालय की एक नई रिपोर्ट से कई सवाल खड़े हुए हैं। 5 जून 2020 को सचिन वाजे को आनन-फानन में बहाल किया गया था। उन्हें नियम तोड़कर अपराध खुफिया इकाई (CIU) में तैनात किया गया। CIU के लिए पुलिस इंस्पेक्टर रैंक जरूरी था। वाजे निचले रैंक के थे।

ओझा का आरोप है कि दिशा की हत्या और सबूत मिटाने के लिए यह बहाली हुई। इसका मकसद जबरन वसूली और ड्रग तस्करी को बढ़ावा देना था।

सीबीआई को सौंप दिए ये सबूत

शनिवार को वकील ने पेन ड्राइव सहित सभी सबूत सीबीआई को सौंप दिए। उन्होंने आरोपियों से हिरासत में पूछताछ की मांग की है। वे हाई कोर्ट की निगरानी में जांच के लिए नई याचिका दायर करेंगे।

दिशा सालियान 8 जून 2020 को संदिग्ध परिस्थितियों में मृत मिली थीं। सुशांत सिंह राजपूत की मौत से कुछ दिन पहले ही उनकी जान गई थी। शुरू में पुलिस ने इसे आकस्मिक मौत माना था।

बॉम्बे हाई कोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने 14 सितंबर को एफआईआर दर्ज की। अब सीबीआई मामले की नए सिरे से जांच कर रही है।