फ्लाइट में भूलकर भी न ले जाएं ये खास पावरबैंक, DGCA ने लगाया तुरंत बैन; इंडिगो प्लेन में आग लगने के बाद बड़ा फैसला

फ्लाइट में भूलकर भी न ले जाएं ये खास पावरबैंक, DGCA ने लगाया तुरंत बैन; इंडिगो प्लेन में आग लगने के बाद बड़ा फैसला

हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एक बेहद जरूरी और सतर्क करने वाली खबर सामने आई है। नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने 'MOBIKINS MK-PB-04' मॉडल के पावरबैंक को भारत आने-जाने वाली सभी घरेलू, अंतरराष्ट्रीय और कार्गो उड़ानों में पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया है।

DGCA प्रमुख वीर विक्रम यादव द्वारा जारी सख्त आदेश के तहत, अब इस मॉडल को न तो हैंड बैगेज में ले जाने की इजाजत होगी और न ही इसे चेक-इन या कार्गो के जरिए भेजा जा सकेगा। एयरलाइंस और एयरपोर्ट सुरक्षा एजेंसियों को निर्देश दिया गया है कि वे बैगेज स्क्रीनिंग के दौरान इस खास मॉडल की बारीकी से पहचान करें और यात्रियों को पहले से अलर्ट जारी कर इसे बोर्डिंग से रोकें।

विमानन नियामक का यह कड़ा फैसला 11 अक्टूबर को हवा में हुए एक गंभीर हादसे के बाद आया है। दिल्ली से चेन्नई के लिए उड़ान भरने वाली इंडिगो की फ्लाइट 6E 6115 में उस वक्त हड़कंप मच गया था, जब बीच आसमान में एक यात्री के इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से अचानक लपटें और घना धुआं निकलने लगा। विमान के केबिन क्रू ने मुस्तैदी दिखाते हुए तुरंत आग पर काबू पाया और पायलट हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एक बेहद जरूरी और सतर्क करने वाली खबर सामने आई है। नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने 'MOBIKINS MK-PB-04' मॉडल के पावरबैंक को भारत आने-जाने वाली सभी घरेलू, अंतरराष्ट्रीय और कार्गो उड़ानों में पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया है।ने सूझबूझ से फ्लाइट को हैदराबाद डायवर्ट कर इमरजेंसी लैंडिंग कराई। गनीमत रही कि सभी यात्री और क्रू मेंबर्स बाल-बाल बच गए और बाद में उन्हें दूसरे विमान से भेजा गया, लेकिन इस खौफनाक मंजर ने लिथियम-आयन बैटरी वाले गैजेट्स से होने वाले खतरों की पोल खोल दी।

एविएशन एक्सपर्ट्स के अनुसार, पावरबैंक में इस्तेमाल होने वाली लिथियम-आयन बैटरी में अत्यधिक हीटिंग, निर्माण दोष या शॉर्ट सर्किट की वजह से 'थर्मल रनअवे' की स्थिति बन जाती है, जिससे चंद सेकंड में भीषण आग और जहरीला धुआं फैल सकता है। बंद केबिन में यह स्थिति जानलेवा साबित हो सकती है। विमानन सुरक्षा नियमों के तहत पहले से ही पेट्रोल, रसायन, पटाखे और हथियारों जैसी खतरनाक चीजों पर रोक है, लेकिन इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को लेकर अब सख्ती कई गुना बढ़ा दी गई है। यात्रियों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे किसी भी सामान्य पावरबैंक को कभी भी चेक-इन बैगेज में न डालें, क्योंकि कार्गो होल्ड में आग लगने पर तुरंत अलार्म बजने या आग बुझाने में देरी हो सकती है। यात्रा के दौरान केवल वैध पावरबैंक को हैंड बैगेज में ही रखें और बोर्डिंग गेट पर अगर बैग कार्गो में भेजा जा रहा हो, तो पावरबैंक पहले ही बाहर निकाल लें।