अगले 24 घंटे भारी! इन 15 राज्यों में भयंकर तूफान और मूसलाधार बारिश का तांडव, IMD का हाई अलर्ट जारी
देशभर के मौसम के मिजाज में अचानक बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 5 नवंबर को उत्तर, मध्य, पूर्व और दक्षिण भारत के करीब 15 राज्यों में गरज-चमक, आंधी-तूफान और झमाझम बारिश की चेतावनी जारी की है। इस मौसमी बदलाव की मुख्य वजह एक चक्रवाती तूफान का कमजोर होकर डिप्रेशन में तब्दील होना है, जो पूर्वी तेलंगाना और तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर सक्रिय है। इसके असर से मैदानी इलाकों में 60 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और पहाड़ी राज्यों में बर्फबारी की आशंका है।
राजधानी दिल्ली और एनसीआर के इलाकों में गुरुवार को आसमान में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की बारिश हो सकती है। 15 से 20 किमी प्रति घंटे की गति से चलने वाली हवाएं वातावरण में हल्की सिहरन घोलेंगी, जिससे अधिकतम तापमान 31 डिग्री और न्यूनतम 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। मौसम में इस बदलाव से सुबह और शाम गुलाबी ठंड का अहसास गहराएगा।
बिहार और यूपी के इन जिलों में बिगड़ा रहेगा मौसम का मिजाज
उत्तर प्रदेश और बिहार के कई जिलों में भी मौसम का मिजाज बिगड़ा रहेगा। यूपी के गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, कानपुर, मुरादाबाद, मथुरा और सोनभद्र में 35 से 40 किमी प्रति घंटे की हवाओं के साथ बारिश के आसार हैं। राजधानी लखनऊ में पारा 30 डिग्री अधिकतम और 17 डिग्री न्यूनतम तक रह सकता है। वहीं बिहार के पटना, गया, बक्सर, भोजपुर, सीतामढ़ी, दरभंगा, पूर्णिया, अररिया और भागलपुर में 20 से 30 किमी प्रति घंटे की झोंकेदार हवाओं के साथ मेघगर्जन और बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
पूर्वी और मध्य भारत के राज्यों में भी असर साफ दिखेगा। झारखंड के रांची, जमशेदपुर, धनबाद, बोकारो और देवघर में 5 और 6 नवंबर को गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। पश्चिम बंगाल के कोलकाता, हावड़ा, मालदा, दार्जिलिंग और जलपाईगुड़ी में 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाएं और आंधी-बारिश परेशान कर सकती हैं। उधर राजस्थान के जयपुर, भरतपुर, कोटा, उदयपुर और मध्य प्रदेश के भोपाल, विदिशा, बैतूल और बालाघाट में भी तेज हवाओं के साथ बारिश का अनुमान है।
उत्तर भारत के मैदानी राज्य पंजाब के अमृतसर, लुधियाना, बठिंडा, गुरदासपुर और कपूरथला में 50 किमी प्रति घंटे की आंधी के साथ बारिश की संभावना है। हिमालयी राज्यों उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के ऊंचे पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी और निचले इलाकों में बारिश का पूर्वानुमान है। यहां 40 से 60 किमी प्रति घंटे की तेज हवाओं के चलते फिसलन और भूस्खलन (लैंडस्लाइड) का खतरा बढ़ सकता है, इसलिए पर्यटकों और स्थानीय लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की हिदायत दी गई है।
दक्षिण भारत के राज्यों में इस मौसमी सिस्टम का असर सबसे ज्यादा दिखाई देगा। तमिलनाडु, पुडुचेरी, केरल, कर्नाटक, तेलंगाना और तटीय आंध्र प्रदेश में मूसलाधार बारिश और आकाशीय बिजली चमकने की आशंका है। दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और आंध्र के तटीय इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट है, जबकि ओडिशा और छत्तीसगढ़ में भी डिप्रेशन के प्रभाव से मौसम बिगड़ेगा। मौसम विभाग ने आंधी-तूफान के दौरान खुले मैदानों, बिजली के खंभों और पेड़ों के नीचे खड़े न होने तथा यात्रा के दौरान सावधानी बरतने की सख्त सलाह जारी की है।