अजमेर बस स्टैंड पर 1 करोड़ का आधा किलो सोना गायब: कारोबारी ने अपने ही कर्मचारी और 2 साथियों पर दर्ज कराया केस
राजस्थान के अजमेर केंद्रीय बस स्टैंड से करीब एक करोड़ रुपये मूल्य का आधा किलोग्राम (500 ग्राम) सोना संदिग्ध परिस्थितियों में गायब होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। नागौर जिले के मेड़ता सिटी स्थित एक प्रतिष्ठित सोने-चांदी के थोक व्यापारी का कर्मचारी जयपुर से यह सोना लेकर आ रहा था। रास्ते में अजमेर बस स्टैंड पर सोना गायब होने की सूचना मिलने के बाद व्यापारी ने इसे सोची-समझी साजिश करार देते हुए कर्मचारी और उसके दो अन्य सहयोगियों के खिलाफ धोखाधड़ी व विश्वासघात का आपराधिक मुकदमा दर्ज कराया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शुक्रवार को बस स्टैंड पहुंचकर मौका-मुआयना किया और वहां लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं।
सिविल लाइंस थाने के सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) शीलू कुमार के अनुसार, यह घटना 4 नवंबर की रात करीब सवा नौ बजे की है। मेड़ता सिटी निवासी सर्राफा कारोबारी भरत सोनी (36) ने थाने में दी गई लिखित शिकायत में बताया कि उनकी फर्म में कार्यरत कर्मचारी मोहम्मद बिलाल को जयपुर से आधा किलो सोना लेकर मेड़ता सिटी स्थित दुकान तक पहुंचाने का जिम्मा सौंपा गया था। मोहम्मद बिलाल जयपुर से राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम (रोडवेज) की बस में सवार हुआ था, लेकिन तय समय तक न तो वह फर्म पर पहुंचा और न ही सोने का कोई पार्सल वहां डिलीवर हुआ।
शिकायतकर्ता भरत सोनी के मुताबिक, मोहम्मद बिलाल ने अजमेर बस स्टैंड पहुंचने के बाद फोन कर दावा किया कि बस स्टैंड पर उसके पास से सोने का बैग अचानक गायब हो गया है। व्यापारी ने कर्मचारी की इस मनगढ़ंत कहानी पर गहरा संदेह जताते हुए आरोप लगाया कि मोहम्मद बिलाल ने अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर सुनियोजित तरीके से करीब एक करोड़ रुपये का सोना खुर्द-बुर्द कर हड़प लिया है।
पीड़ित व्यापारी की रिपोर्ट पर सिविल लाइंस थाना पुलिस ने नामजद आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) (धोखाधड़ी) और धारा 61(2) (आपराधिक षड्यंत्र) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। जांच अधिकारी एएसआई शीलू कुमार ने शुक्रवार को अजमेर बस स्टैंड पर पहुंचकर घटनास्थल का विस्तृत मौका-नक्शा तैयार किया। पुलिस टीम बस स्टैंड परिसर, टिकट काउंटर और आसपास के रास्तों पर लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग जुटाकर आरोपी कर्मचारी की गतिविधियों और उसके संपर्कों की गहनता से पड़ताल कर रही है।