टेस्ट क्रिकेट में राशिद खान की वापसी पर लगा ब्रेक, कप्तान रहमत शाह ने बताई बाहर रखने की असली वजह
अफगानिस्तान के स्टार लेग स्पिनर राशिद खान के टेस्ट क्रिकेट में लौटने का इंतजार कर रहे क्रिकेट प्रेमियों को बड़ा झटका लगा है। पीठ की पुरानी चोट और फिटनेस की समस्याओं के चलते अफगानिस्तान क्रिकेट टीम के मेडिकल पैनल और फिजियो ने उन्हें फिलहाल लंबे प्रारूप से दूर रहने की सख्त हिदायत दी है। जिम्बाब्वे के खिलाफ शारजाह में शुरू हुई दो टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले कप्तान रहमत शाह ने प्रेस वार्ता में साफ किया कि जब तक राशिद पूरी तरह मैच-फिट नहीं हो जाते, तब तक उन्हें टेस्ट टीम में शामिल करने का जोखिम बिल्कुल नहीं उठाया जाएगा।
अफगानिस्तान की सीमित ओवरों की रीढ़ माने जाने वाले राशिद खान का टेस्ट करियर अब तक बेहद सीमित रहा है। उन्होंने अपने इंटरनेशनल करियर में अब तक सिर्फ 6 टेस्ट मैच खेले हैं, जबकि वनडे और टी20 को मिलाकर उनके खाते में 245 से ज्यादा मुकाबले दर्ज हैं। कप्तान रहमत शाह ने आईसीसी से बातचीत में कहा कि सीमित ओवरों के क्रिकेट के लिए राशिद देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और उन्हें सफेद गेंद के फॉर्मेट में गंवाने का खतरा मोल नहीं लिया जा सकता। राशिद खुद टेस्ट मैच खेलना चाहते हैं, लेकिन मेडिकल टीम की रिपोर्ट और उनके शरीर के सिग्नल को नजरअंदाज करना सही नहीं होगा।
कप्तान ने टेस्ट क्रिकेट के कड़े वर्कलोड और शारीरिक दबाव का जिक्र करते हुए बताया कि टी20 में महज चार ओवर फेंकने होते हैं, लेकिन पांच दिवसीय मैच में मुख्य स्पिनर होने के नाते लंबी साझेदारियों के दौरान राशिद को लगातार 20-30 ओवर गेंदबाजी करनी पड़ सकती है। ऐसे में उनकी पीठ पर अचानक अत्यधिक दबाव पड़ना भविष्य के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। कप्तान रहमत ने बोर्ड और राशिद से बातचीत का हवाला देते हुए आश्वस्त किया कि जैसे ही वे 100 प्रतिशत फिट होंगे, टेस्ट टीम में उनकी वापसी तय है। फिलहाल अफगानिस्तान और जिम्बाब्वे के बीच शारजाह में पहला टेस्ट शुरू हो चुका है, जबकि दूसरा टेस्ट 13 नवंबर से इसी मैदान पर खेला जाएगा।