अन्नदाताओं के लिए सरकार का बड़ा तोहफा! आधी कीमत में मिलेगा गेहूं-चना का बीज, जानें कैसे

अन्नदाताओं के लिए सरकार का बड़ा तोहफा! आधी कीमत में मिलेगा गेहूं-चना का बीज, जानें कैसे

रबी फसलों की बुवाई की तैयारियों के बीच उत्तर प्रदेश के अन्नदाताओं के लिए बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। राज्य सरकार के कृषि विभाग ने किसानों की उत्पादन लागत घटाने और बेहतर पैदावार सुनिश्चित करने के मकसद से गेहूं, चना, मटर, मसूर और सरसों समेत रबी की प्रमुख फसलों के प्रमाणित बीजों पर 50 प्रतिशत तक का भारी अनुदान (सब्सिडी) देने की घोषणा की है। इस योजना के जरिए किसान घर बैठे ऑनलाइन बुकिंग कर आधी कीमत पर उच्च गुणवत्ता वाले प्रमाणित बीज प्राप्त कर सकते हैं। गोरखपुर जिले में रबी फसलों के लिए बीज आवंटन और बुकिंग की प्रक्रिया जोरों पर शुरू हो चुकी है, जहां निर्धारित लक्ष्यों के सापेक्ष हजारों किसानों ने गेहूं और चना के बीजों के लिए अपने आवेदन जमा किए हैं।

सब्सिडी के अलावा राज्य का कृषि विभाग दलहन और तिलहन उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए पात्र किसानों को चुनिंदा फसलों के बीज पैकेट (मिनीकिट) पूरी तरह मुफ्त भी मुहैया करा रहा है। इसके अंतर्गत तोरिया, चना और मटर के लिए पहले चरण के आवेदन पूरे हो चुके हैं और पारदर्शी व्यवस्था बनाए रखने के लिए कंप्यूटराइज्ड लॉटरी प्रणाली के जरिए चयनित किसानों को मुफ्त बीज बांटे भी जा चुके हैं। वर्तमान में मसूर और सरसों के मुफ्त पैकेटों के लिए पंजीकरण चल रहा है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन भी ब्लॉक या जिलों में लक्ष्य से ज्यादा आवेदन आएंगे, वहां लाभार्थियों का अंतिम चयन पूरी पारदर्शिता के साथ लॉटरी सिस्टम से ही किया जाएगा।

योजना का लाभ लेने के लिए इच्छुक किसानों को उत्तर प्रदेश कृषि विभाग के आधिकारिक ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर समय रहते अपना पंजीकरण और बीज की ई-बुकिंग करानी होगी। योजना में पहले आओ-पहले पाओ अथवा लॉटरी के नियम लागू होते हैं, इसलिए किसान विभागीय पोर्टल पर अपने जिले का निर्धारित कोटा, पात्रता शर्तें, आधार कार्ड व खतौनी जैसे जरूरी दस्तावेज और बीज की उपलब्धता पहले ही जांच लें। ब्लॉक स्तरीय कृषि रक्षा इकाइयों और राजकीय बीज गोदामों पर प्रमाणित बीजों का स्टॉक पहुंच चुका है, जहां से ऑनलाइन पर्ची दिखाकर किसान सीधे अनुदानित बीज प्राप्त कर सकते हैं।