यूपी चुनाव: अखिलेश का चंद्रशेखर और ओवैसी पर बड़ा हमला, कहा- 'पतंग की डोर किसी और के हाथ'
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की उलटी गिनती शुरू होते ही राज्य में सियासी पारा सातवें आसमान पर है। गठबंधन और सीट-शेयरिंग की अटकलों के बीच, समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मंगलवार को एक बड़ा बयान देकर सियासी हलकों में हलचल मचा दी है।
अखिलेश ने स्पष्ट कर दिया है कि उनकी पार्टी चंद्रशेखर आजाद की आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के साथ कोई गठबंधन नहीं करेगी। जब उनसे चंद्रशेखर के हालिया गठबंधन प्रस्ताव के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने दो टूक जवाब देते हुए कहा, "चंद्रशेखर आजाद के साथ गठबंधन क्यों होगा? हम उनके बिना भी जीत रहे हैं।" गौरतलब है कि चंद्रशेखर ने सोमवार को ही अखिलेश को नसीहत दी थी कि अगर बीजेपी को हराना है तो सभी को साथ लेकर चलना होगा।
अखिलेश यादव यहीं नहीं रुके; उन्होंने AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी का नाम लिए बिना उन पर तीखा कटाक्ष किया। उन्होंने 'पतंग' (जो AIMIM का चुनाव चिह्न है) का उदाहरण देते हुए कहा कि कुछ राजनीतिक खिलाड़ी पर्दे के पीछे से मिलने वाले समर्थन के सहारे ही उड़ते हैं।
यादव ने तंज कसते हुए कहा, "डोर कौन पकड़ता है? पतंग उतनी ही ऊंची उड़ती है, जितनी उसे ढील दी जाती है। अगर डोर खत्म हो गई, तो खेल खत्म।" सपा प्रमुख ने यह भी दावा किया कि इस बार का चुनावी मुकाबला 80-20 का नहीं, बल्कि 90-10 का होगा, जिसमें 90 फीसदी वह जनता होगी जो मौजूदा हालात से त्रस्त है।
अखिलेश का यह बयान ओवैसी के उस तीखे हमले के बाद आया है, जिसमें ओवैसी ने उन पर मुजफ्फरनगर दंगों के दौरान सैफई में डांस देखने और मुस्लिम समुदाय के मुद्दों को नजरअंदाज करने का गंभीर आरोप लगाया था। ओवैसी ने यहां तक कह दिया था कि मुसलमानों के हक की बात करने वाले हर शख्स को अखिलेश अपना दुश्मन समझते हैं और उन्हें बीजेपी का एजेंट करार देते हैं। इन वार-पलटवार से साफ है कि यूपी चुनाव से पहले विपक्ष के भीतर ही राजनीतिक वर्चस्व की एक अलग जंग छिड़ चुकी है।