भारत-अमेरिका महा-ट्रेड डील फाइनल होने के करीब, ट्रंप बोले- ये अब तक के समझौतों से होगी बिल्कुल अलग
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वाशिंगटन स्थित ओवल ऑफिस में पत्रकारों से मुखातिब होते हुए घोषणा की है कि भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका एक नई द्विपक्षीय व्यापार संधि (Bilateral Trade Agreement) पर मुहर लगाने के बेहद करीब पहुंच चुके हैं। ट्रंप ने साफ किया कि दोनों ही देश इस समझौते को लेकर उत्सुक हैं और यह आगामी डील अब तक हुए पारंपरिक समझौतों की तुलना में काफी अलग और व्यापक स्तर की होगी।
ट्रंप का यह सकारात्मक बयान उस वक्त सामने आया है जब अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो द्विपक्षीय संबंधों को विस्तार देने के मकसद से भारत के दौरे पर हैं, जहां व्यापार, ऊर्जा, उन्नत प्रौद्योगिकी, रक्षा और जनसंपर्क जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर केंद्रित रणनीतिक वार्ताएं चल रही हैं। इस समझौते की रूपरेखा को अंतिम रूप देने के लिए केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने भी हाल ही में वाशिंगटन और मिल्वौकी में अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर से विस्तृत बातचीत की थी, क्योंकि दोनों देशों ने फरवरी में बीटीए के पहले चरण के ढांचे को तैयार किया था जिसे अब नए टैरिफ परिदृश्यों के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है।
मुंबई पहुंचे अमेरिकी विदेश मंत्री रुबियो ने अपने दौरे के दौरान भारत को क्रूड ऑयल रिफाइनिंग क्षेत्र में दुनिया का 'सुपरपावर' करार देते हुए भारतीय रिफाइनरियों में वेनेजुएला के कच्चे तेल की प्रोसेसिंग बढ़ाने और अमेरिकी एनर्जी व तकनीकी प्रणालियों के आयात को बढ़ावा देने पर बल दिया। रुबियो का गुजरात के जामनगर स्थित रिलायंस इंडस्ट्रीज की विशाल रिफाइनरी का दौरा भी इसी दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है, हालांकि अनिश्चित ट्रेड नीतियों और कड़े वीजा व इमिग्रेशन नियमों को लेकर दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संतुलन बनाए रखने की चुनौतियां अब भी मौजूद हैं।
नई दिल्ली में विदेश मंत्री एस. जयशंकर और मार्को रुबियो के बीच हुई उच्चस्तरीय बैठक में पश्चिम एशिया के ताजा घटनाक्रमों सहित कई क्षेत्रीय व वैश्विक मुद्दों पर विस्तृत विमर्श हुआ, जिसके बाद विदेश मंत्रालय (MEA) ने आधिकारिक बयान जारी कर ट्रेड पैक्ट पर हुई ठोस प्रगति की सराहना की और इसे जल्द से जल्द अमलीजामा पहनाने का साझा संकल्प दोहराया।