ट्रंप से बिगड़ी बात तो भारत याद आया! कनाडा के पीएम मार्क कार्नी ने खुद किया मोदी के दौरे का ऐलान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी 11 दिसंबर को दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर कनाडा के लिए रवाना होंगे, जहां वह दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय रिश्तों को नई ऊंचाइयां देने के लिए अपने कनाडाई समकक्ष मार्क कार्नी के साथ उच्चस्तरीय बैठक करेंगे। इस अहम यात्रा की आधिकारिक घोषणा भारतीय उच्चायोग द्वारा शुक्रवार को की गई, जिससे दोनों देशों के बीच पिछले कुछ समय से ठंडे पड़े रिश्तों में एक नई और सकारात्मक गर्माहट देखने को मिल रही है।
प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा से पहले दोनों शीर्ष नेताओं के बीच एक बेहद सार्थक और सकारात्मक बातचीत हो चुकी है, जिसमें व्यापार, ऊर्जा, तकनीक, सुरक्षा और लोगों के आपसी संपर्कों जैसे प्रमुख क्षेत्रों में ठोस परिणाम हासिल करने की सहमति बनी है। इससे पहले गुरुवार को कैलगरी के एक लोकप्रिय स्थानीय रेस्तरां में आम लोगों से बातचीत करते हुए कनाडाई पीएम मार्क कार्नी ने खुद इस बात की पुष्टि की थी कि पीएम मोदी 11 और 12 दिसंबर को कनाडा के दौरे पर आ रहे हैं, जिसका कूटनीतिक हलकों में बड़ा स्वागत किया जा रहा है।
इन मुद्दों पर हो सकती है बात
दोनों देशों के बीच इस उच्चस्तरीय मुलाकात के एजेंडे में सबसे बड़ा और मुख्य मुद्दा द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा देना है, क्योंकि अमेरिका में ट्रंप प्रशासन के साथ कनाडा के व्यापारिक और राजनीतिक तनाव बढ़ने के कारण प्रधानमंत्री मार्क कार्नी को अपने ग्लोबल पार्टनरशिप और व्यापारिक साझीदारों का दायरा तेजी से बढ़ाने के लिए मजबूर होना पड़ा है। कनाडा के प्रतिष्ठित सीटीवी न्यूज की रिपोर्ट्स के मुताबिक, कनाडा के अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू इन दिनों भारत के छह दिवसीय दौरे पर एक बड़े व्यापार मिशन का नेतृत्व कर रहे हैं, जो दोनों देशों के आर्थिक संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है।
भारत और कनाडा की सरकारें इस साल के अंत तक एक ऐतिहासिक व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के लिए दिन-रात काम कर रही हैं, जिसका मुख्य लक्ष्य साल 2030 तक दोनों देशों के बीच आपसी व्यापार को दोगुना करके सालाना 70 अरब डॉलर के आंकड़े तक पहुंचाना है। पीएम मोदी और पीएम कार्नी ने 'कॉम्प्रिहेंसिव इकोनॉमिक पार्टनरशिप एग्रीमेंट' यानी CEPA पर चल रही बातचीत को जल्द से जल्द निष्कर्ष तक पहुंचाने की अपनी मजबूत प्रतिबद्धता को एक बार फिर दोहराया है।
इसके साथ ही दोनों नेताओं ने मौजूदा समय में हिंद-प्रशांत क्षेत्र में पैदा हो रही भू-राजनीतिक अस्थिरता, वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा और कृषि क्षेत्र में भरोसेमंद साझीदारों के महत्व जैसे गंभीर मुद्दों पर भी विस्तार से मंथन किया है। प्रधानमंत्री मोदी ने मार्क कार्नी के साथ हुई अपनी इस खास बातचीत के बाद सोशल मीडिया पर साझा करते हुए कहा कि हम भारत-कनाडा के आपसी रिश्तों में आई इस सकारात्मक गति को आगे बढ़ाने और व्यापार, ऊर्जा, टेक्नोलॉजी, सुरक्षा तथा जन-जन के संबंधों जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में मिलकर ठोस और परिणामोन्मुखी दिशा में काम करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।