दिवाली पर कितने दीये जलाना होता है सबसे शुभ? 11, 21 या 108; जानिए शास्त्रों का चौंकाने वाला सच
देशभर में दीपों का महापर्व दीपावली पूरे उल्लास और भक्ति के साथ मनाया जा रहा है। शास्त्रों के अनुसार, जब भगवान श्रीराम 14 वर्ष का वनवास पूरा कर अयोध्या लौटे थे, तब नगरवासियों ने घी के दीये जलाकर उनका भव्य स्वागत किया था। वहीं एक अन्य मान्यता के अनुसार, कार्तिक अमावस्या की निशा में धन की देवी मां लक्ष्मी स्वयं भूलोक पर भ्रमण करती हैं और जिस घर में स्वच्छता तथा दीपकों का दिव्य प्रकाश होता है, वहां वे सदा के लिए वास करती हैं। इसी वजह से प्रदोष काल में गणेश-लक्ष्मी पूजन संपन्न होते ही घर के कोने-कोने को दीपमालाओं से सजाने की परंपरा निभाई जाती है।
दीपावली 2026 पर दीप प्रज्वलन का सबसे मंगलकारी मुहूर्त शाम 05:54 बजे से लेकर रात 07:50 बजे तक रहेगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, दीपदान के लिए प्रदोष काल सबसे उत्तम माना जाता है, जो इस दिन शाम 05:31 बजे से आरंभ होकर रात 08:09 बजे तक प्रभावी रहेगा। इस समयावधि में जलाए गए दीपक घर की नकारात्मक ऊर्जा को दूर कर सुख-समृद्धि का मार्ग प्रशस्त करते हैं।
कुल कितने दीये प्रज्वलित किए जाने चाहिए
अक्सर लोगों के मन में असमंजस रहता है कि इस पावन रात कुल कितने दीये प्रज्वलित किए जाने चाहिए। शास्त्रों में दीपों की कोई बंधी-बंधाई बाध्यता नहीं है, फिर भी विषम संख्याओं जैसे 5, 11, 21, 51 या 108 दीपक जलाना बेहद शुभ माना गया है। इसके अतिरिक्त पूजा स्थल पर दो बड़े दीपक विशेष रूप से रखे जाते हैं, जिनमें से एक शुद्ध देसी घी का दीपक होता है जो रातभर अखंड जलता है और दूसरा सरसों या तिल के तेल का दीपक होता है।
शास्त्र सम्मत नियमों के अनुसार घर के विभिन्न हिस्सों में दीपकों का सही स्थान निर्धारित होना चाहिए। पूजा घर में मां लक्ष्मी के समक्ष दो मुख्य दीपक स्थापित करें, जिनमें एक अखंड घी का और दूसरा तेल का हो। इसके बाद घर के मुख्य प्रवेश द्वार के दोनों किनारों पर दीये रखें ताकि सकारात्मक ऊर्जा का निर्बाध प्रवेश हो सके। तुलसी के पौधे के निकट और पीपल के पेड़ की जड़ के पास दीपक जलाना अनिवार्य माना गया है। साथ ही घर के लिविंग रूम, रसोईघर में अन्नपूर्णा के स्थान पर, छत और बालकनी की मुंडेरों पर, घर के पास स्थित किसी देवालय में, सभी कमरों की चौखट के दोनों ओर और स्नानघर के मुख्य द्वार के बाहर भी दीपक प्रज्वलित कर अंधकार को पूरी तरह समाप्त किया जाना चाहिए।