मंच पर भिड़े TVK विधायक और कांग्रेस सांसद: दीप जलाने को लेकर तीखी बहस, हाथ से गिराई मोमबत्ती
तमिलनाडु की सियासत में सहयोगी दलों के बीच चल रही अंदरूनी खींचतान अब सार्वजनिक मंचों पर खुलकर सामने आने लगी है। त्रिची में आयोजित एक सरकारी समारोह के दौरान थलपति विजय की पार्टी 'तमिलगा वेत्री कझगम' (TVK) के विधायक और कांग्रेस के राज्यसभा सांसद के बीच प्रोटोकॉल और दीप प्रज्ज्वलन को लेकर तीखा विवाद हो गया। मंच पर स्थिति उस वक्त असहज हो गई जब टीवीके विधायक नवलपट्टू विजी ने गुस्से में आकर कांग्रेस सांसद क्रिस्टोफर तिलक के हाथ से जलती हुई मोमबत्ती नीचे गिरा दी।
यह पूरा वाकया त्रिची में एकीकृत बाल विकास सेवा (ICDS) की ओर से आयोजित 'सामुदायिक गोद भराई' कार्यक्रम के दौरान हुआ। इस आयोजन में तमिलनाडु सरकार के हिंदू धार्मिक एवं धर्मार्थ बंदोबस्ती विभाग के मंत्री एस. रमेश, थिरुवेरुम्बुर से टीवीके विधायक नवलपट्टू विजी, कांग्रेस के राज्यसभा सांसद क्रिस्टोफर तिलक और त्रिची के जिला कलेक्टर प्रतीक दयाल समेत कई प्रमुख जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
कार्यक्रम की परंपरा के अनुसार मंच पर दीप प्रज्ज्वलित किया जा रहा था। सबसे पहले कैबिनेट मंत्री एस. रमेश ने दीप जलाया और उनके बाद जिला कलेक्टर प्रतीक दयाल ने रस्म निभाई। इसके तुरंत बाद आयोजकों ने मोमबत्ती कांग्रेस सांसद क्रिस्टोफर तिलक के हाथ में थमा दी। स्थानीय विधायक होने के नाते नवलपट्टू विजी इस बात से बेहद खफा हो गए कि प्रोटोकॉल के तहत सांसद से पहले उन्हें दीप जलाने के लिए आमंत्रित नहीं किया गया। जब सांसद ने औपचारिकता निभाते हुए मोमबत्ती विधायक की ओर बढ़ाई, तो विजी ने उसे थामने के बजाय झटके से नीचे गिरा दिया।
मोमबत्ती गिरते ही मंच पर मौजूद अधिकारियों और नेताओं के बीच सन्नाटा पसर गया और दोनों नेताओं के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। विवाद बढ़ता देख मंत्री एस. रमेश ने बीच-बचाव किया और दोनों नेताओं को समझा-बुझाकर मामला शांत कराया, जिसके बाद बमुश्किल कार्यक्रम की औपचारिकताएं पूरी की गईं।
तमिलनाडु में विधानसभा उपचुनाव की सरगर्मियों के बीच हुई इस घटना ने विपक्षी दलों को बैठे-बिठाए मुद्दा दे दिया है। हालांकि मंत्री रमेश ने बाद में सफाई देते हुए इसे मामूली गलतफहमी बताया और कहा कि नेताओं के बीच कोई मनमुटाव नहीं है, लेकिन मंच पर हुई इस भिड़ंत का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। गठबंधन में शामिल दोनों दलों के स्थानीय कैडर के बीच इस घटना के बाद से तल्खी साफ देखी जा रही है।