न बसों का झंझट, न महंगा किराया! मथुरा और अलीगढ़ के बीच बिछेगा नया रेल ट्रैक; इन लोगों को होगा बंपर फायदा

न बसों का झंझट, न महंगा किराया! मथुरा और अलीगढ़ के बीच बिछेगा नया रेल ट्रैक; इन लोगों को होगा बंपर फायदा

उत्तर प्रदेश के पश्चिमी हिस्से में स्थित दो प्रमुख धार्मिक और औद्योगिक शहरों मथुरा व अलीगढ़ के बीच सफर करने वाले लाखों मुसाफिरों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। इन दोनों ऐतिहासिक शहरों को सीधे रेल संपर्क से जोड़ने की बहुप्रतीक्षित योजना अब धरातल पर उतरने की दिशा में आगे बढ़ रही है। प्रस्तावित मथुरा-अलीगढ़ सीधी रेल लाइन परियोजना के लिए फाइनल लोकेशन सर्वे (FLS) का काम शुरू होने की पुख्ता जानकारी मिली है। इस ट्रैक के तैयार होने के बाद न केवल यात्रियों की यात्रा आसान होगी, बल्कि सफर में लगने वाले घंटों के समय की भी बड़ी बचत होगी।

भौगोलिक तौर पर कान्हा की नगरी मथुरा और तालानगरी अलीगढ़ के बीच की दूरी महज करीब 60 किलोमीटर है, लेकिन आजादी के दशकों बाद भी दोनों शहरों के बीच कोई सीधा रेल ट्रैक मौजूद नहीं है। सीधे ट्रेन रूट के अभाव में दैनिक यात्रियों, व्यापारियों, छात्रों और मरीजों को सड़क परिवहन की खस्ताहाल बसों या निजी वाहनों के महंगे सफर पर निर्भर रहना पड़ता है। नया रेल लिंक बनने से दोनों प्रमुख जिलों के बीच पहली बार सीधा, सुगम और किफायती रेल आवागमन शुरू हो सकेगा।

इस रेल लाइन की मांग काफी समय से उठाई जा रही थी और मथुरा की स्थानीय सांसद हेमा मालिनी ने भी इस रूट को लेकर रेल मंत्रालय के सामने कई बार मजबूती से पैरवी की है। हाल ही में रेलवे के आला अधिकारियों और जन प्रतिनिधियों के बीच हुई उच्चस्तरीय बैठकों में इस परियोजना की रूपरेखा पर गहन मंथन हुआ, जिसके बाद सर्वे को हरी झंडी दी गई। हालांकि, अंतिम वित्तीय मंजूरी, टेंडर प्रक्रिया और निर्माण पूरा होने की आधिकारिक समय-सीमा की घोषणा सर्वे रिपोर्ट तैयार होने के बाद की जाएगी।

नई रेल लाइन बिछने का सबसे बड़ा फायदा दोनों शहरों के बीच रोजाना अप-डाउन करने वाले नौकरीपेशा लोगों, विश्वविद्यालय के छात्रों और व्यापारियों को मिलेगा। सीधी ट्रेन सेवा शुरू होते ही अलीगढ़ से ब्रज क्षेत्र और मथुरा से दिल्ली-हावड़ा मुख्य रूट पर आवाजाही बेहद सुगम हो जाएगी। फिलहाल स्थानीय जनता और दैनिक यात्रियों की निगाहें इस सर्वे के पूरा होने और बजट आवंटन के साथ ट्रैक निर्माण के आधिकारिक एलान पर टिकी हुई हैं।